जंगली हाथी ने युवक को कुचल कर मार डाला, ग्रामीणों में आक्रोश

सुबह उठकर मवेशियों को चार देने निकला था दुखन,जंगली हांथी ने लिया चपेटे में

गुमला -: चैनपुर थाना क्षेत्र के सदान बुकमा निवासी 52 वर्षीय दुखन नगेसिया को एक जंगली हांथी ने कुचल कर मार डाला। घटना शनिवार अहले सुबह 5:30 बजे की बताई जा रही है। दुखन नगेसिया सुबह उठकर गाय बैल को पुवाल देने की तैयारी कर रहा था जैसे ही घर से बाहर निकाला जंगली हाथी उस पर हमला कर दिया जान बचाने के लिए वह कुछ दूर भाग मगर कीचड़ होने के कारण गिर गया ।

हाथी ने वहां से उठाकर कुछ दूर ले जाकर पटक कर उसकी जान ले ली। गांव की प्रतिमा देवी ने बताया कि एक जंगली हाथी दुखन को सूंढ़ में लपेट कर मेरे घर से कुछ दूर तक ले गया और कुचल कर बेरहमी से उसे मार डाला। इस दौरान कई लोग जंगली हाथी के चंगुल से बाल बाल बचे। इस घटना के बाद वन विभाग के प्रति ग्रामीणों में आक्रोश देखा गया। ग्रामीणों का कहना है कि हमारे जान माल की सुरक्षा का तनिक भी चिंता विभाग को नहीं है।

आए दिन इस गांव में जंगली हाथी विचरण कर रहे हैं, लोगो के घरों एवं फसलों को नुकसान पहुंचा रहे है। अब तो दिनदहाड़े जंगली हाथी गांव में घुस रहे हैं। फसल और घरों को निशाना बनाने वाले जंगली हाथी अब डायरेक्ट ग्रामीणों को अपना निशाना बना रहे हैं। ऐसे में ग्रामीण भय के साए में रात तो काटते ही थे अब दिन भी भय के साए में काटना पड़ रहा है। एक ग्रामीण महिला ने कहा कि हम खेती गृहस्थी करने वाले लोग हैं हमें अकेले जंगल खेतों में जाना पड़ता है ऐसे में मन हमेशा जान का खतरा बना रहता है कब किधर से जंगली हाथी निकालकर हमें पटक कर मार डालेगा इस डर के साए में हम अपने खेतों में काम करते हैं।

हाथी को खदेड़ने में वन विभाग ना करे लापरवाही, लोगों को जान माल की हो रही है नुकसान-प्रमुख

घटना की सूचना मिलते ही चैनपुर प्रखंड प्रमुख ओलिभा कांता कुजूर घटनास्थल पर पहुंची मृतक की पत्नी लक्ष्मनिया नगेसिया को ढाढ़स बंधाया। इस दौरान मृतक की पत्नी ने प्रमुख के कंधे से लिपटकर फूट-फूट कर रोने लगी। उन्होंने बताया कि लक्ष्मनिया का एकमात्र सहारा उसका पति दुखन ही था हाथी ने उसकी जान ले ली अब लक्ष्मीनिया को देखने वाला कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि जंगली हाथी इन क्षेत्रों में दिन-रात विचरण कर रहे हैं आए दिन लोगों के घरों को निशाना बना रहे हैं जिसके बाद भी वन विभाग हाथी को क्षेत्र से खदेड़ने में लापरवाही दिखा रहा है। हाथी को इस क्षेत्र से वन विभाग के द्वारा यथा शीघ्र नहीं खदेड़ा गया तो चैनपुर डुमरी एवं जारी प्रखंड से सैकड़ो लोग वन विभाग कार्यालय का घेराव कर आंदोलन करेंगे।

वन विभाग ने दिया 20 हजार

घटना की जानकारी मिलने पर वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची। रेंजर के निर्देश पर वन विभाग की ओर से तत्काल सहायता राशि के तौर पर मृतक की पत्नी को 20 हजार रुपए नगद दिया गया। शेष मुआवजा राशि 3:45 लख रुपए का भुगतान विभागीय प्रक्रिया पूरी होने के बाद देने का आश्वासन दिया गया। प्रभारी वनपाल बुद्धदेव बड़ाईक ने कहा कि हाथी को क्षेत्र से खदेड़ने के लिए वन विभाग की टीम लगातार प्रयासरत है हाथी भागोओ 8 सदस्य टीम भी गठित की गई है। हर तरह का प्रयास किया जा रहा है जल्दी हाथी को खदेड़ा जाएगा।

5 जंगली हांथी क्षेत्र में कर रहे हैं विचरण

इधर बताते चलें कि जारी एवं चैनपुर प्रखंड के कई गांव में पांच जंगली हाथी रोजाना उत्पात मचा रहे हैं। वन विभाग के टीम एक ओर से जंगली हाथी को भगाती है तो जंगली हाथी दूसरे गांव में पहुंच कर उत्पात मचाते हैं। ऐसे में हाथी प्रभावित गांवों के लोग भय के साए में जीवन काट रहे हैं। ग्रामीण बताते हैं की रात में किसी प्रकार की सुगबुगाहट उनकी नींद उड़ा देती है। गांव में हाथी घुसने की सूचना मिलने पर पूरे गांव के लोगों को रात जगा करना पड़ता है। हाथी भगाने के दौरान कई लोग चोटिल भी हो जाते हैं और जान का खतरा भी बना रहता है। अब तक हाथी सिर्फ लोगों के घरों एवं फसलों को नुकसान पहुंचा रहे थे। मगर शनिवार को जंगली हाथी ने एक ग्रामीण को कुचल कर मार डाला इसके बाद से लोग जंगली हाथी को मार गिराने की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि पांच जंगली हाथी विभिन्न गांव में विचरण कर रहे हैं शाम होते ही जारी के भूथी जंगल से जंगली हाथी निकल कर गांव में घुस जाते हैं और सुबह होने के बाद जंगली हाथी इसी जंगल में दोबारा शरण ले लेते हैं। समय रहते जंगली हाथी को क्षेत्र से नहीं खदेड़ा गया तो बड़े पैमाने पर जान माल की नुकसान झेलनी पड़ेगी।