साहिबगंज: प्रलोभन देकर बड़े शहरों में ले जाते थे ये, फिर उनके साथ…

  • काम दिलाने के नाम पर लोगों को बाहर भेजता आरोपी

  • मानव तस्करी को लेकर पुलिस भी गंभीर

मानव तस्करी को लेकर झारखंड काफी चर्चा में रहा है। तस्करी की शिकार हो रही किशोरियों और युवतियों के लिए पुलिस भी गंभीर दिख रही है। इस मामले पर एनआईए (NIA) का सपोर्ट लेने की भी कोशिश की जा रही है।

गरीब-आदिवासी परिवारों को नौकरी के लालच में दिल्ली के अलावा बड़े शहरों में ले जाया जाता है और वहां पर से उनका शोषण होता है। ऐसा ही मामला साहिबगंज से आया है जहां युवक-युवतियों को बड़ी रकम लेकर बेच दिया जाता, लेकिन रांगा थाना पुलिस ने दो आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

इस मामले में बरहरवा डीएसपी के. वी. रमन ने बताया कि एसपी, साहिबगंज के आदेश पर एक टीम गठित कर मानव तस्करी के आरोपी इम्तियाज एवं मतुल अंसारी को पकड़ा गया। वहीं अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।

डीएसपी वी. रमन ने के अनुसार मालदा रेलखंड के बरहरवा एवं तीनपहाड़ रेलवे स्टेशन से ट्रेनों के जरिये देश के अन्य शहरों में काम दिलाने को लेकर इन लोगों को बाहर भेजा जाता है।

पुलिस को सूचना मिली थी कि इन दोनों ने बहुत सारे बालिग और नाबालिग युवक-युवतियों को काम दिलाने के बहाने बड़े शहरों में ले जाकर मोटी रकम में बेच देते हैं।

हालांकि इसपर अंकुश लगाने को लेकर जीआरपी के पदाधिकारीयों के साथ भी बातचीत की जा रही है, ताकि लॉकडाउन के बाद मानव तस्करी रोकने को लेकर आवश्यक कदम उठाई जा सके।