रांचीः बदहाल होती सड़क पर हेमंत सरकार खामोश-पूर्व मंत्री लुईस मरांडी

सूबे के पूर्व मंत्री लुईस मंराडी ने सीएम मुख्यमंत्री पर सड़क लेकर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने कहाकि  दुमका  जिला की पहचान राज्य के विकसित जिला में होता था, बेहतरीन सड़क निर्माण रघुवर सरकार में हुआ था,लेकिन पिछले कुछ महीनों में राज्य सरकार और पथ निर्माण विभाग की अदूरदर्शिता के कारण एक के बाद एक सड़के खराब होती जा रही हैं।

दुमका-भागलपुर रोड पर भुरभुरी नदी पर क्षतिग्रस्त हुए पुल पर अब तक डायवर्सन न बनना तथा क्षतिग्रस्त पुल की मरम्मति अथवा नवनिर्माण की अब तक किसी तरह का पहल नहीं होना दुर्भाग्यपूर्ण है। भुरभुरी पुल को बंद किये जाने से गुहियाजोरी-रामगढ़ रोड बदहाल हो चुकी है। सड़कों की मरम्मति कराने के लिए किसी तरह की पहल करने की बजाय बैरियर लगाकर वाहनों का परिचालन बंद कराकर शासन-प्रशासन अपनी विफलता को छिपाने में लगी है।

भुरभुरी पुल न बनने से वाहनों के दवाब बढ़ने से नेशनल हाहवे 114 ए पर भी बुरा असर पड़ रहा है। सरडीहा-नोनीहाट सड़क भी अपना अस्तित्व खो चुकी है। दुमका को अपनी राजनीतिक कर्मभूमि बताने वाले हेमंत सोरेन ने मुख्यमंत्री बनकर इस सीट को छोड़कर यह दर्शा दिया है कि दुमका इलाके को वे केवल चुनाव के लिए कर्मभूमि मानते हैं।जनसेवा-राजनीतिक सेवा के लिए नहीं, अगर उनको जनता के दुख-दर्द और तकलीफ का अहसास हुआ होता, तो सड़कों की आज इतनी भयावह स्थिति नहीं होती।