झारखंड में मंत्रिमंडल विस्तार का खाका तैयार, गुरुवार को मंत्री लेंगे राजभवन में शपथ

जेएमएम से छह, कांग्रेस से चार और आरजेडी से एक बनेंगे मंत्री, एक पर संशय बरकरार !

रांची। झारखंड में बतौर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की ताजपोशी के बाद अब इस बात को लेकर कवायद तेज है कि राज्य में गठबंधन सरकार के मंत्रिमंडल का विस्तार कैसे किया जाएगा। गठबंझन की सरकार में किस पार्टी से कितने मंत्री बनेंगे और किस फार्मूले की तहत मंत्रिमंडल का विस्तार किया जाएगा इसपर चर्चा जारी है। हालांकि बहुमत के आंकड़ों पर गौर किया जाए तो जेएमएम सहबसे बड़ी पार्टी होने के नाते सबसे ज्यादा मंत्री पद की हकदार होगी। इसके बाद कांग्रेस और फिर आरजेडी का कोटा आएगा। लेफ्ट ने बाहर से सरकार को समर्थन देने की घोषणा की है। ऐसे में पुराने फार्मूले पर चर्चा है कि चार विधायकों पर एक मंत्री बनाने की पहल की जा सकती है।

पुराने फार्मूले पर बन सकती है सहमति 

अगर फार्मूले के आधार पर बात की जाए तो जेएमएम के छह मंत्री कांग्रेस  से चार और आरजेडी से एक मंत्री बन सकते हैं। पांच दिसंबर को मंत्रिमंडल के विस्तार को लेकर मुख्यमंत्री ने सहमति जताई है। दिन के 12 बजे से राजभवन में शबर ग्रहण समारोह का आयोजन किया जाना तय हुआ है। झारखंड की संरचना के आधार पर हर बार सरकार को कई फार्मूले का ध्यान रखना होता है। ऐसे में झारखंड में संथालपरगना, कोल्हान, कोयलांचल, पलामू के साथ साथ दक्षिणी और उत्तरी छाटानागपुर पर नजर रखनी पड़ती है। साथ साथ अल्पसंख्यकों , महिलाओं और आदिवासी विधोयकों को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। इसलिए सरकार में मंत्रिमंडल के विस्तार पर मंथन जारी है।

सत्ताधारी दलों की सूत्रों को माने कांग्रेस कोटे से संथाल से प्रदीप यादव और दीपिका पांडेय में से किसी एक को, इरफान अंसारी व निशत आलम में से किसी एक को, राजेश कच्छप, नमन विक्सल कोंगांडी या शिल्पी नेहा तिर्की में से एक को और अनूप सिंह या ममता देवी में से किसी एक को मंत्री बनाया जा सकता है। पार्टी के सभी विधायक अपनी दावेदारी को लेकर दिल्ली दरबार में माथा टेकने में लगे हुए हैं।

इधर जेएमएम की बात की जाए तो दीपक बिरुआ, रामदास सोरेन, मथुरा महतो, सविता देवी, उमाकांत रजक, हफभीजुल हसन अंसारी, एमटी राजा, अनंत प्रताप देव और चुन्ना सिंह के नाम को लेकर चर्चा तेज है। पार्टी का मामना है कि हर इलाके और भागीदारी को ध्यान में रखकर ही मंत्री पद दिया जाएगा। पूरी मॉनिटरिंग मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन खुद कर रहे हैं। इधर राजद की बात की जाए तो सुरेश पासवान और संजय प्रसाद यादव में से एक को मंत्री पद मिल सकता है।