160 करोड़ का निवेश फ्रीज, अब ED के सामने नहीं पहुंचे LB सिंह; जांच में आया नया मोड़
- By rakesh --
- 06 Nov 2026 --
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रांची: धनबाद और आसपास के क्षेत्रों में कथित अवैध कोयला कारोबार और मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के बीच चर्चित कोयला कारोबारी लालबाबू सिंह उर्फ एलबी सिंह की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) के समन के बावजूद एलबी सिंह और उनके भाई कुंभनाथ सिंह रांची स्थित एजेंसी के क्षेत्रीय कार्यालय में पेश नहीं हुए। ईडी ने दोनों को कोयला सिंडिकेट से जुड़ी संपत्तियों, निवेश और जमीन के दस्तावेजों के साथ उपस्थित होने का निर्देश दिया था। तय समय पर पेश नहीं होने और दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने को एजेंसी ने गंभीरता से लिया है।
संपत्ति और निवेश के दस्तावेज लेकर बुलाया था ED
ईडी ने एलबी सिंह और उनके भाई को कोयला कारोबार से जुड़े वित्तीय लेनदेन और संपत्तियों के सत्यापन के लिए समन जारी किया था। एजेंसी दोनों से जमीन, निवेश और अन्य संपत्तियों से संबंधित दस्तावेज मांग रही थी। इससे पहले पूछताछ के दौरान दोनों भाइयों ने वित्तीय कागजात उपलब्ध कराने के लिए समय मांगा था। हालांकि, निर्धारित समय-सीमा बीतने के बाद भी दस्तावेज जमा नहीं किए गए। कई नोटिस जारी होने के बावजूद दोनों के पेश नहीं होने से जांच एजेंसी की कार्रवाई आगे बढ़ने की संभावना है।
झारखंड और पश्चिम बंगाल में हो चुकी है छापेमारी
अवैध कोयला खनन, कारोबार और टेंडर में कथित हेराफेरी से जुड़े मामले की जांच के दौरान ईडी झारखंड और पश्चिम बंगाल में एलबी सिंह से जुड़े कई ठिकानों पर छापेमारी कर चुकी है। इस कार्रवाई में एजेंसी ने कथित बेनामी संपत्तियों से संबंधित जानकारी जुटाई थी। जांच के दौरान भारी नकदी बरामद होने की भी बात सामने आई है। ईडी अब इन संपत्तियों और वित्तीय लेनदेन के स्रोत का पता लगाने में जुटी है।
करीब 160 करोड़ रुपये का म्यूचुअल फंड निवेश फ्रीज
जांच के दौरान ईडी ने करीब 160 करोड़ रुपये के म्यूचुअल फंड निवेश को फ्रीज किया है। एजेंसी इस निवेश के स्रोत और कोयला कारोबार से इसके संभावित संबंधों की पड़ताल कर रही है। इसके अलावा कथित बेनामी संपत्तियों, जमीन में निवेश और अन्य वित्तीय लेनदेन की भी जांच की जा रही है। दस्तावेजों के सत्यापन के जरिए एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि संबंधित संपत्तियां किसके नाम पर हैं और उनके पीछे वास्तविक निवेश किसका है।
परिवार और व्यावसायिक सहयोगियों से भी पूछताछ
ईडी की जांच का दायरा केवल एलबी सिंह और उनके भाई तक सीमित नहीं है। मामले में कारोबारी के परिवार के सदस्यों और व्यावसायिक सहयोगियों से भी पूछताछ की जा रही है। एजेंसी उनसे संपत्तियों, निवेश और कारोबारी लेनदेन से जुड़ी जानकारियां जुटा रही है। जांच में सामने आए तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
समन की अनदेखी से बढ़ सकती हैं मुश्किलें
ईडी के समन के बावजूद दोनों भाइयों के पेश नहीं होने से जांच में उनकी भूमिका को लेकर एजेंसी की पड़ताल और महत्वपूर्ण हो गई है। अब उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, इस मामले में आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही होगी। फिलहाल ईडी कोयला कारोबार से जुड़े वित्तीय नेटवर्क, संपत्तियों और निवेश के स्रोतों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
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