रांची। अब कोविड ऐप को लेकर केंद्र व राज्य सरकार आमने-सामने, मामला कोर्ट में

रांची। झारखंड में कोरोना के लिए लगाए जा रहे टीके के लिए कोविन एप पर रजिष्ट्रेशन में आ रही परेशानी को दूर करने के लिए झारखंड सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। दायर याचिका में कहा गया है कि कोविन एप पर रजिष्ट्रेशन कराने में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। राज्य सरकार  ने भी वैक्सिनेशन की प्रक्रिया को सरल करने के लिए अमृत वाहिनि एप बनाया है। ऐसे में इस एप पर रजिष्ट्रेशन के लिए मान्यता दी जाए। अब इस मुद्दे पर भी झारखंड में  राजनीति भी तेज हो गई है।

झारखंड सरकार ने करोना के टीकाकरण के लिए एक नया एप अमृत वाहिनी बनाया है। सरकार कादावा है कि स एप से आसानी से राज्य के दूर-दराज के इलाकों के लोगों का भी रजिष्ट्रेशन हो पाएगा। अब एप को लेकर राज्य की विपक्षी पार्टी ने भी सवाल खड़े किए हैं। पार्टी प्रवक्ता प्रदीप सिन्हा ने कहा है कि यह दलील राज्य सरकार क तरफ से रखना हास्यास्पद है। हेमंत सरकार ने अपनी कमियों को छिपाने के लिए केंद्र पर आरोप लगा रही है।

– इधर सरकार ला रही पार्टी कांग्रेस के प्रवक्ता डॉ राजेश गुप्ता ने कहा कि राज्य में बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं जो एनराइड फोन का इस्तेमाल नहीं करते हैं। ऐसे में राज्य सरकार ने दूसरे माधअयम से रजिष्ट3शन की व्यवस्था की है। केंद्र सरकार को चाहिए कि इसे मान्यता दे।

बहरहाल केंद्र और राज्य सरकार के बीच पहले से ही कई मुद्दों को लेकर टकराहट रही है। ऐसे में जब एक बार कोरोना के महामारी के बीच रजिष्ट्रेशन को लेकर भी कई सवाल खड़े हुए हैं।अब लड़ाई केंद्र और राज्य द्वारा तैयारकिए गए एप्लीकेशन का है। इसपर भी बहस जारी है। मामला कोर्ट में है, और जनता इंतजार कर रही है।