धनबाद में लुटेरी दुल्हन गिरोह का खुलासा, राजस्थान से शादी करने आए परिवार को बनाया शिकार
- By rakesh --
- 09 Sep 2026 --
- comments are disable
धनबाद: शादी के नाम पर ठगी और लूट का एक मामला सामने आने के बाद धनबाद पुलिस ने कथित गिरोह का खुलासा किया है। बरवाअड्डा थाना क्षेत्र में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरोह शादी के इच्छुक दूसरे राज्यों के परिवारों को शादी का झांसा देकर धनबाद बुलाता था और इसके बाद कथित तौर पर उनसे सामान और रुपये की ठगी करता था।
इस मामले में राजस्थान के एक परिवार को शादी के नाम पर धनबाद बुलाए जाने की शिकायत की गई थी। आरोप है कि परिवार से पहले शादी की खरीदारी कराई गई और फिर एक गांव में ले जाकर युवती की मांग में सिंदूर भरवाया गया। इसके बाद उनके साथ मारपीट कर मोबाइल और जेवरात छीन लिए गए।
WhatsApp पर भेजी गईं दो युवतियों की तस्वीरें
मामला 7 सितंबर की देर शाम का बताया गया है। राजस्थान निवासी रमेश नट ने बरवाअड्डा थाने में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस के अनुसार, इससे पहले 3 सितंबर को सपना नाम की एक महिला ने फोन के जरिए रमेश नट से संपर्क किया था। बातचीत के दौरान उसने अपने भतीजे की शादी के लिए लड़की उपलब्ध होने की बात कही। इसके बाद WhatsApp पर दो युवतियों की तस्वीरें भी भेजी गईं।
लड़की पसंद आने के बाद दोनों पक्षों के बीच शादी को लेकर बातचीत आगे बढ़ी।
राजस्थान से धनबाद पहुंचा परिवार
शादी की बातचीत के बाद रमेश नट अपने भाई, भतीजे इकबाल और भाभी के साथ राजस्थान से धनबाद पहुंचे। आरोप है कि धनबाद पहुंचने के बाद सपना और उसके साथियों ने परिवार को अपने साथ लिया।
पुलिस शिकायत के अनुसार, शादी की तैयारी के नाम पर परिवार से कपड़े, गहने और अन्य सामान की खरीदारी कराई गई। इसके बाद उन्हें एक गांव ले जाया गया। वहां युवती की मांग में सिंदूर भरवाया गया और शादी की रस्म पूरी होने की बात कही गई।
इसके बाद परिवार को कथित तौर पर घर चलकर भोजन करने के लिए कहा गया।
शादी के बाद मारपीट और लूट का आरोप
शिकायत के अनुसार, जब परिवार ने वहां जाने से इनकार किया तो विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि इसके बाद गिरोह के सदस्यों ने परिवार के साथ मारपीट की और उन्हें वहां से भगा दिया।
पीड़ितों ने आरोप लगाया कि इस दौरान उनके मोबाइल फोन और जेवरात भी छीन लिए गए। घटना के बाद परिवार ने बरवाअड्डा थाना पहुंचकर पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी।
CCTV और तकनीकी साक्ष्यों से पुलिस को मिले सुराग
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। इसके अलावा मोबाइल कॉल रिकॉर्ड, कॉल डंप और लोकेशन सहित अन्य तकनीकी साक्ष्यों का भी विश्लेषण किया गया।
जांच के दौरान मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी की और 10 लोगों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के पास से शादी के लिए खरीदे गए कपड़े, गहने और अन्य सामान भी बरामद किए गए हैं।
10 आरोपी गिरफ्तार, पुराने मामलों की भी जांच
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अजय दास, राजेश कुमार, मंतोष साव, सुमन विश्वकर्मा, चंदन शर्मा, नीलम देवी, पूजा कुमारी, मकरी देवी, विशु यादव और राजेंद्र साव के रूप में हुई है।
पुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस गिरोह ने इससे पहले भी इसी तरीके से किसी अन्य परिवार को निशाना बनाया है या नहीं।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि इस कथित गिरोह के पीछे कोई बड़ा नेटवर्क सक्रिय है या नहीं। जांच आगे बढ़ने के साथ मामले में और जानकारी सामने आने की संभावना है।
यह भी पढ़ें: Delhi Building Collapse: 10 पुलिस टीमों को मिली सफलता, भिवाड़ी से दबोचा गया मालिक