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JPSC-JSSC विवाद पर JMM का बीजेपी पर हमला, मिथिलेश ठाकुर बोले- छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति

रांची: झारखंड मुक्ति मोर्चा कार्यालय में पार्टी के महासचिव मिथिलेश ठाकुर ने छात्र आंदोलन और उससे जुड़ी राजनीतिक परिस्थितियों को लेकर बीजेपी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि 26 दिनों तक चले छात्र आंदोलन को झामुमो के सभी संगठनों का नैतिक समर्थन मिला, क्योंकि छात्रों की मांगें जायज थीं।

मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि राज्य गठन के बाद से नियुक्तियों और प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार पूरे मामले की जांच और परीक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में काम कर रही है।

छात्रों की मांगों को सरकार ने गंभीरता से लिया

मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों की मांगों को गंभीरता से लिया। उनके अनुसार, टीडीपीएल द्वारा वर्ष 2014 से कराई गई परीक्षाओं की जांच का फैसला लिया गया और परीक्षाएं रद्द करने का निर्णय भी सरकार ने किया।

उन्होंने दावा किया कि परीक्षा रद्द होने के बाद छात्रों में खुशी की लहर थी। ठाकुर ने कहा कि सरकार का उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना और योग्य अभ्यर्थियों को उनका अधिकार दिलाना है।

बीजेपी पर आंदोलन को राजनीतिक रंग देने का आरोप

झामुमो महासचिव ने बीजेपी पर छात्र आंदोलन का राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आंदोलन समाप्त होने के बाद भी इसे जारी रखने के लिए अलग-अलग आरोप लगाए गए।

हाईकोर्ट के आदेश को लेकर मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि अदालत ने अभी अंतिम फैसला नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की ओर से न्यायालय में अपना जवाब दाखिल किया जाएगा।

उन्होंने यह भी बताया कि सफल अभ्यर्थियों को अंडरटेकिंग देना होगा। जांच के दौरान यदि किसी तरह की अनियमितता या दोष सामने आता है, तो कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी और दिए गए लाभ वापस लिए जा सकते हैं।

‘सीआईडी जांच के लिए मुख्यमंत्री आवास के दरवाजे खुले’

मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ काम कर रही है। उन्होंने वास्तविक छात्रों से अपील की कि वे किसी के बहकावे में न आएं और न्यायालय के आदेश का सम्मान करें।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री आवास के दरवाजे सीआईडी जांच के लिए खुले हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि जरूरत पड़ने पर सीआईडी कभी भी जांच कर सकती है। ठाकुर के अनुसार, वर्ष 2014 से पूरे मामले की जांच की जाएगी।

उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाया कि वह छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीति कर रही है।

अनंत प्रताप देव ने भी बीजेपी पर साधा निशाना

झामुमो विधायक अनंत प्रताप देव ने भी बीजेपी पर हमला बोला। उन्होंने बीजेपी नेता भानु प्रताप शाही को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि जिन लोगों पर लंबे समय से जांच और आरोपों से जुड़े मामले चल रहे हैं, बीजेपी को पहले उनका जवाब देना चाहिए।

अनंत प्रताप देव ने आरोप लगाया कि बीजेपी छात्र आंदोलन को राजनीतिक रंग देने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों को न्याय देने का काम किया है और बीजेपी को सीधे जनता के बीच आकर अपनी बात रखनी चाहिए।

नियुक्ति व्यवस्था में सुधार का दावा

मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि वर्ष 2019 तक झारखंड की जनता नियुक्ति व्यवस्था में सुधार का इंतजार करती रही। उन्होंने दावा किया कि हेमंत सोरेन सरकार अब नियुक्ति और प्रतियोगी परीक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में काम कर रही है।

उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है, जिसमें प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ी की कोई गुंजाइश न रहे और योग्य अभ्यर्थियों को उनका अधिकार मिल सके।

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