BIT Mesra Admission 2026: होम स्टेट कोटा खत्म, झारखंड के सिर्फ 16% छात्रों को मिली सीट
- By rakesh --
- 27 Aug 2026 --
- comments are disable
रांची। बीआईटी मेसरा में झारखंड के विद्यार्थियों के लिए 50% होम स्टेट कोटा खत्म होने का असर सत्र 2026-27 की नामांकन प्रक्रिया में साफ दिखाई दिया है। इस सत्र संस्थान की विभिन्न ब्रांच में झारखंड के करीब 16% छात्र-छात्राओं को ही सीट मिल सकी है।
जोसा और सीसैब स्पेशल राउंड काउंसिलिंग के बाद हुई कुल रिपोर्टिंग के आंकड़ों के अनुसार, करीब 200 विद्यार्थी झारखंड के हैं। पिछले सत्र की तुलना में यह संख्या काफी कम है।
वर्ष 2025 में बीआईटी मेसरा में झारखंड के करीब 60% विद्यार्थियों ने नामांकन लिया था। इनमें 50% होम स्टेट कोटा के अलावा ऑल इंडिया मेरिट के जरिये करीब 10% विद्यार्थियों को भी सीट मिली थी। इस तरह करीब 650 सीटों पर राज्य के विद्यार्थियों का नामांकन हुआ था।
एमओयू खत्म होने के बाद समाप्त हुआ होम स्टेट कोटा
झारखंड सरकार के साथ हुए एमओयू के तहत बीआईटी मेसरा में 50% सीटें झारखंड के विद्यार्थियों के लिए आरक्षित थीं। इन सीटों पर जोसा और सीसैब काउंसिलिंग के माध्यम से नामांकन होता था।
जानकारी के अनुसार, झारखंड सरकार के साथ संस्थान का एमओयू दो साल पहले समाप्त हो गया था। इसके बाद एमओयू का नवीनीकरण नहीं होने पर बीआईटी मेसरा ने 2026-27 सत्र से होम स्टेट कोटा खत्म कर दिया।
अब संस्थान की सभी सीटों पर ऑल इंडिया आधार पर नामांकन हो रहा है। इसका मतलब है कि झारखंड के विद्यार्थियों को बीआईटी मेसरा में प्रवेश के लिए देशभर के विद्यार्थियों के साथ प्रतिस्पर्धा करनी पड़ रही है।
13 विषयों में हुआ नामांकन
सत्र 2026-27 में बीटेक और इंटीग्रेटेड एमएससी के कुल 13 विषयों में नामांकन हुआ है। कुल रिपोर्टिंग में झारखंड के करीब 200 विद्यार्थी शामिल हैं।
पिछले सत्र में यह संख्या करीब 650 थी। वहीं, झारखंड के बीसी-1 और बीसी-2 वर्ग के विद्यार्थियों के लिए पहले करीब 80 सीटें उपलब्ध थीं। होम स्टेट कोटा समाप्त होने के बाद इस श्रेणी में राज्य कोटे के तहत सीटों की संख्या शून्य हो गयी है।
इस बदलाव का असर उन विद्यार्थियों पर पड़ा है, जो राज्य में रहकर बीआईटी मेसरा से इंजीनियरिंग की पढ़ाई करना चाहते हैं।
कई ब्रांच की क्लोजिंग रैंक में बदलाव
होम स्टेट कोटा समाप्त होने के बाद इस सत्र विभिन्न ब्रांच की क्लोजिंग रैंक में भी बदलाव देखने को मिला है।
सीसैब स्पेशल राउंड के बाद ओपन कैटेगरी में कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग की क्लोजिंग रैंक 29,411 रही। पिछले सत्र होम स्टेट कैटेगरी में 35,188 रैंक तक विद्यार्थियों को सीट मिली थी।
बायोटेक्नोलॉजी में 2026 में क्लोजिंग रैंक 1,60,075 रही, जबकि पिछले वर्ष होम स्टेट में यह 3,38,040 तक थी। इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग में इस वर्ष क्लोजिंग रैंक 64,176 और पिछले वर्ष होम स्टेट में 74,208 थी।
इसी तरह इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग में 2026 की क्लोजिंग रैंक 44,625 रही, जबकि 2025 में होम स्टेट के तहत यह 55,727 थी।
2025 और 2026 की क्लोजिंग रैंक
| ब्रांच | 2025 ऑल इंडिया | 2025 होम स्टेट | 2026 ऑल इंडिया |
|---|---|---|---|
| बायोटेक्नोलॉजी | 1,17,814 | 3,38,040 | 1,60,075 |
| केमिकल इंजीनियरिंग | 97,072 | 1,94,565 | 1,20,535 |
| सिविल इंजीनियरिंग | 99,499 | 1,48,354 | 1,20,342 |
| कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग | 23,596 | 35,188 | 29,411 |
| इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स | 47,243 | 74,208 | 64,176 |
| इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन | 37,550 | 55,727 | 44,625 |
| मैथमेटिक्स एंड कंप्यूटिंग | 61,156 | 1,21,651 | 1,73,466 |
| मैकेनिकल इंजीनियरिंग | 67,961 | 87,763 | — |
यह भी पढ़ें: Onion Price: दिल्ली में 35 रुपये किलो मिलेगी प्याज, नासिक बफर स्टॉक से पहुंची 800 टन की पहली खेप