डॉ. इरफान अंसारी की पहल,पेट से निकाला गया 7.5kg का स्प्लीन ट्यूमर
- By rakesh --
- 08 May 2025 --
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“झारखंड का स्वास्थ मंत्री बना उदाहरण – मेहनत की मिसाल, रिकॉर्ड तोड़ सर्जरी ने दिलाया विश्व में सम्मान”
“एक डॉक्टर की नजर, एक मंत्री का विजन – 7.5 किलो का चमत्कार, झारखंड के नाम नया रिकॉर्ड”
“झारखंड को गौरवान्वित करने वाले डॉक्टर को जल्द मिलेगा सम्मान – मंत्री डॉ. अंसारी ने की ऐलान”
“मैं मंत्री नहीं, पहले डॉक्टर हूं – और झारखंड की स्वास्थ्य क्रांति का यह प्रमाण है” – डॉ. इरफान अंसारी
झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की पहल का बड़ा परिणाम: धनबाद में डॉक्टर ने रचा इतिहास, महिला के पेट से निकाला गया 7.5 किलोग्राम का स्प्लीन ट्यूमर
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झारखंड की स्वास्थ्य सेवा में सुधार और उत्कृष्टता को लेकर माननीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी द्वारा उठाए गए ठोस कदम अब परिणाम देने लगे हैं। इसी कड़ी में, धनबाद मेडिकल कॉलेज अस्पताल में डॉ. अली जैद अनवर ने चिकित्सा क्षेत्र में एक अद्वितीय उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने एक महिला मरीज के पेट से 7.5 किलोग्राम वजनी स्प्लीन ट्यूमर को सफलतापूर्वक निकालकर दो विश्व रिकॉर्ड बनाए हैं।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. अंसारी ने इस पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा,
“यह केवल एक डॉक्टर की सफलता नहीं, बल्कि झारखंड की नई स्वास्थ्य नीति और कार्य संस्कृति की जीत है। मैंने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि जो डॉक्टर ईमानदारी से काम करेंगे, उनका सम्मान निश्चित है। डॉ. अनवर इसका सटीक उदाहरण हैं।”
डॉ. अंसारी ने बताया कि अब तक विश्व में किसी महिला के शरीर से निकाला गया सबसे बड़ा स्प्लीन 2.5 किलोग्राम का था, जबकि डॉ. अनवर द्वारा निकाले गए स्प्लीन का वजन 7.5 किलोग्राम है। यह न केवल एक चिकित्सा चमत्कार है, बल्कि झारखंड की बढ़ती मेडिकल क्षमताओं का प्रमाण भी है।
मंत्री ने यह भी कहा,
“मैं डॉक्टर नहीं बल्कि एक सच्चा स्वास्थ्य सेवक हूं। मेरी प्राथमिकता केवल कुर्सी नहीं, बल्कि जनता की भलाई है। मैं विभाग को दुरुस्त करने के लिए दिन-रात मेहनत कर रहा हूं। ऐसे डॉक्टरों को मंच देना, सम्मानित करना और उनका मनोबल बढ़ाना मेरी जिम्मेदारी है।”
उन्होंने आगे यह भी स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधारने में समय लग सकता है, लेकिन वह हर ईमानदार प्रयास का स्वागत करेंगे और किसी भी लापरवाही को बर्दाश्त नहीं करेंगे।
“मैं आलोचना से डरता नहीं, बल्कि उसे सुधार का अवसर मानता हूं। व्यवस्था को रातों-रात नहीं बदला जा सकता, लेकिन हम सही दिशा में बढ़ रहे हैं। इस ऐतिहासिक सर्जरी ने यह साबित कर दिया है,” मंत्री ने कहा।
डॉ. अनवर ने इस ऐतिहासिक सर्जरी को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स और लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज कराने के लिए आवेदन कर दिया है। इस सफलता ने झारखंड को चिकित्सा मानचित्र पर नई पहचान दिलाई है।
माननीय मंत्री डॉ. अंसारी के नेतृत्व में झारखंड की स्वास्थ्य सेवा नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रही है।